पर्यावरण पर निबंध – पढ़े यहाँ Hindi Essay on Paryavaran Bachao

प्रस्तावना 

यदि हमें अच्छा जीवन जीना है, तो हमें पर्यावरण को सुरक्षित करना होगा और उसकी देखभाल करना होगा | क्योंकि शुद्ध पर्यावरण से ही हमारे जीवन का अस्तित्व है | समय के शुरुआत से ही पर्यावरण ने हमारी वनस्पतियों और प्राणी समूह संबंध स्थापित करने में मदद की है |

जिसके कारण हमारा जीवन स्वस्थ है | क्योकि स्वच्छ वातावरण एक शांतिपूर्ण और स्वस्थ जीवन जीने के लिए पर्यावरण हमारे लिए बहुत ही आवश्यक है | प्राकृतिक पर्यावरण मानव जाती और अन्य जीवों के लिए वरदान है |

इस प्राकृतिक संसाधनों में सूर्य का प्रकाश, जीवाश्म ईंधन, शुद्ध हवा, तजा पानी आदि आते हैं यह जीवन के लिए महत्वपूर्ण है | इसके बिना जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती है, लेकिन बढ़ती हुई आबादी के बढ़ते लोभ के कारन, प्राकृतिक संसाधनों का अधिक मात्रा में दुरुपयोग किया गया है |

पर्यावरण के प्राकृतिक संसाधन

पर्यावरण का संबंध जैविक और अजैविक चीजों से है, जो की हमारे आस-पास मौजूद है, जिनका होना हमारे लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है | पर्यावरण के अंतर्गत हवा, जल, मिट्टी, मनुष्य, पशु-पक्षी आदि आते हैं, लेकिन यह हम गांव में देखते हैं की हमारे आस-पास का वातावरण और स्थान वास्तव में एक प्राकृतिक स्थान जैसे रेगिस्तान, जंगल, और नदियों को मनुष्य ने अपनी सुविधा के लिए इमारतों या सड़कों और कारखानों को स्थापित कर दिया है |

पर्यावरण एक भौगोलिक और प्राकृतिक क्षेत्र है जजिसके अंतर्गत  हवा, पशु-पक्षी और जल आते हैं | जो मानवीय गतिविधियों द्वारा प्रभावित होते हैं उन्हें पर्यावरण कहते हैं | मानव जाति के शहरीकरण और औद्योगीकरण की घटना के कारन चिकित्सा, उद्योग और सामाजिक क्षेत्रो में इसका विकास तेजी से हुआ है |

प्राकृतिक संसाधनों पर ही हमारा भोजन, पिने का पानी और कृषि की निर्भरता बनी हुई है | प्रकृति के ऊपर हमारी निर्भरता सबसे अधिक है यदि हम इसके संसाधनों के रक्षा का प्रयास अभी से शुरू नहीं किया तो हमारा अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा |

पृथ्वी को बचने के लिए पर्यावरण को बचाने  की आवश्यकता 

बढती आबादी के कारण लोग अपनीं जरूरतों को पूरा करने के लिए बिना कुछ सोंचे समझे ही अंधाधुंध रूप से अपने प्राकृतिक संसाधनों का उपभोग करता जा रहा है | आदुनिक युग में मानव पर्यावरण के साथ छेड़-छाड़ कर रहा है, जिसके कारण पर्यावरण का संतुलन लगातार बिगड़ता जा रहा है | पर्यावरण को सबसे ज्यादा नुकसान शहरो में रहने वाले कारखानों से होता है, क्योंकि कारखानों से निकलने वाला धुंआ पर्यावरण को लगातार दूषित कर रहा है |

पर्यावरण को बचाने के उपाय 

पर्यावरण को बचाने के लिए ऊर्जा बचाने वाले ट्यूब लाइट और बल्ब आदि उत्पादो का उपयोग करना चाहिए, लकड़ी का उपयोग कम करना चाहिए, जितना ज्यादे हो सके बुक और पेपर का इस्तेमाल करना चाहिए । जीवाश्म ईंधन का उपयोग कम करना चाहिए |

 निष्कर्ष 

पर्यावरण बचाने  के  लिए हमारा स्वंय का योगदान भी बहुत आवश्यक है। प्रकृति के प्रदान किए गये भेंटो का उपयोग करने वाले एक उपभोक्ता के रुप में यह हमारा कर्तव्य है |

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Updated: November 4, 2019 — 1:15 pm

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