दिवाली पर निबंध हिंदी में – पढ़े यहाँ Diwali Eassy In Hindi

प्रस्तावना 

दिवाली यह एक हिदुओ का धार्मिक त्योहार है जो की हिन्दू धर्म में बहुत ही पवित्र माना जाता है यह त्योहार सभी मनाते हिन्दू ,मुस्लिम , सिख ,इसाई  इत्यादि। यह दिपो का खास त्योहार होने के कारण इसे दीपावली /दिवाली नाम दिया गया है |दीप जलाने की अलग अलग प्रथा /कहानिया है|

 हिन्दुधर्म का मानना है की राम भक्तो के अनुसार कार्तिक अमावस्या की दिन अमावस्या को भगवन श्री रामचंद्र चौदह वर्ष का वनवास काट कर तथा आसुरी वृत्तियों के पतिक रावणादि कासंघार कर के अयोध्या लौटे थे।

तब अयोद्या वासियो ने राम जी का राजरोहण दीप जलाकर किये इसीलिए यह तेव्हार को दिवाली के नाम से विख्यात किया गया है | 

त्यौहार को मनाने की विधि 

दिवाली का त्योहार लोग अपने घर और दफ्तर को साफ सुथरा करके किये मानते घर में उपलब्ध सभी वस्तुएं जैसे पंखे , घर के कोनो में सफाई करके अर्थात घर के कूड़े करकटो को ( भंगार ) को घर से बहार करके घर में नई नई वस्तुएं लाये जाते है|

और लोगो को बाजार में वस्तुएं खरीदने के लिए अच्छे खासे छुट भी मिल जाती है, हिंदू त्योहार के तहत लोग वर्ष भर से इंतिजार करते है ताकि नया उद्योग, नये घर में प्रवेश कर सके नए-नए वस्तुएं खरीद सके जैसे गैहने दुकान वाहन इत्यादि .

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दिवाली में की जानेवाली सजावट 

लोग अपने घरो में अच्छे तरह से सजावट करते है जैसे की झूमर लगाना, तोरण लगाना, रंगोली बनाना, कंदील लगाना इत्यादि. लोग अपने घरो से मिठाई, नए-नए कपडे, पटाके, चकली, करंजी इत्यादि. एक दूसरे के घरो पर लेन देन करके एक दूसरे को दिवाली की बधाइयां देते है। और घरो में रंगोलियाँ बनाते है |

यह प्रथा एक सदियों से चली आ रही है, खासकर लोग इस दिन माता लक्ष्मी की पूजा करते है साथी में गणेश और पार्वती माता की भी पूजा करते है और इस्वर से येही प्रार्थना करते है, की हमें सु:ख संवृद्धि दे। इस त्योहार में बच्चे खुब धूम – धड़ाका करते है, जैसे की अनार जलाना , छुरछुरिया जलाना ,पटाखे फ्होडना और ये तब तक चलता है जब तक एकादशी का त्योहार न ख़त्म हो जाये।

दिवाली त्योहार के कुछ नुक्सान 

लोग बचो को निडर होके आग में पटाके से खेलने के लिए बाहर अकेले छोड देते है यही कारण है| थोड़ी सी लापरवाही और दुर्घटना हो जाती है, बच्चे और नौजवान पटाके फोड़ते है, जिससे वायु प्रदूषण होता है|

प्रति वर्ष कई स्थानों पर वायु प्रदुषण के कारण  न जाने कई लोगो को हदया रोग कर्क रोग तथा स्वास विकार होता है और हम मजे से कुछ भी बिना सोचे पटाके फोड़ते है। 

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निष्कर्ष :

दिवाली में हमें हमारे दोस्तों और रिश्तेदारों से नजदीकियां  बढ़ाने का अवसर प्रदान करता है| यह बड़ा ही उत्तम त्योहार है, घर घर में सुन्दर रंगोली बनाई जाती है दिए जलाए जाते है और आतिशबाजी की जाती है|

बड़े छोटे सभी इस त्योहार में भाग लेते है यह पर्व सामूहिक और व्यक्तिगत दोनों  तरह से मनाया जाता है हमें यह सिखलाता है  की हमें आपस में कोई मदभेद न करके एक दुसरे के प्रति दोस्ती का हाथ बढ़ाना |

Updated: February 21, 2019 — 1:37 pm

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