मोर पर निबंध कक्षा ५ के लिए – पढ़े यहाँ Peacock Essay In Hindi For Class 5

प्रस्तावना:

मोर यह बहुत सुंदर पक्षी हैं | मोर हमारे देश का राष्ट्रीय पक्षी हैं | यह भारत देश के अन्य जगहों पर दिखाई देता हैं | भारत के अन्य पक्षियों में से यह एक सबसे सुंदर हैं | मोर दिखने में बहुत सुंदर दिखता हैं | मोर बरसात के मौसम में अपने रंग बिरंगे पंख फैला कर नाचता हैं |

मोर की शरीर रचना

मोर दिखने में हरे – नीले रंग के होते हैं | मोर की गर्दन बहुत लम्बी और नीले रंग की होती हैं | इनके पंख बहुत लम्बे होते हैं | उन पंखों पर हरे, नीले और पीले रंग के चाँद जैसे स्पॉट होते हैं |

मोर के पैर बहुत लम्बे होते हैं | मोर के सर पर कलगी होती हैं, वो बहुत सुंदर दिखती हैं | उसके कारण मोर को पक्षियों का राजा कहाँ जाता हैं |

मोर यह दिखने में बहुत सुंदर दिखता हैं | उसके साथ – साथ वो बहुत चतुर, सतर्क और शर्मीले स्वभाव का होता हैं | मोर हमेशा अकेला रहना ही पसंद करता हैं |

अलग – अलग प्रजाति

अन्य देशों में मोर की विभिन्न प्रजाति पायी जाई जाती हैं | लेकिन भारत देश में मोर की सबसे सुंदर प्रजाति पायी जाती हैं | मोर उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान में भी पाए जाते हैं |

मोर का भोजन

मोर अनाज के दाने, घास के कोमल पत्ते, कीड़े और सांप को खाते हैं | मोर ज्यादा तो खेतो में और बगीचे में पाए जाते हैं | यह ज्यादा तो कीड़ों पर निर्भर होते हैं |

पक्षियों का राजा

मोर ज्यादा तो जल के स्त्रोत के पास नजर आते हैं और गाँव में यह दृश्य ज्यादा देखा जाता हैं | मोर हरियाली जगह पर ज्यादा दिखाई देते हैं | मोर किसानों का एक अच्छा मित्र भी होता हैं | क्यों की फसलों को लगने वाले कीड़ों को खाता हैं |

मोर का जीवनकाल

मोर का जीवनकाल कम से कम १५ से 25 साल तक होता हैं | मोर के लगबग २०० पंख होते हैं | मोर ज्यादा तो पीपल, बरगद और नीम के पेड़ों पर बैठते हैं |

धार्मिक महत्व 

हिन्दू धर्म में मोर को बहुत महत्व हैं | भगवान श्रीकृष्ण ने अपने सर पर मोर के पंख को धारण किया हैं और मोर भगवान शिव के बेटे कार्तिक का वाहन भी हैं | इसलिए मोर का हिन्दू धर्म में सबसे ज्यादा महत्व हैं |

मोर के पंखों का उपयोग

मोर के पंखो का उपयोग सजावट के लिए किया जाता हैं | और मोर के पंखों की दवाइयां भी बनाई जाती हैं | इसलिए मनुष्य इनका शिकार करने लगा था |

मोर के पंखों से गुलदस्तों और गर्मी में हवा खाने के लिए हाथ पंखे बनाये जाते हैं | भारतीय वन्य जीवन संरक्षण कायदा के अनुसार सन १९७२ में पूर्ण संरक्षण दिया गया हैं |

निष्कर्ष:

प्राचीन काल से मोर ने अपनी सुंदरता के कारण कवियों और सम्राट लोगों को आकर्षित किया हैं | मोर यह इतना सुंदर पक्षी हैं की, उसकी सुंदरता को देखकर हर कोई इंसान मोहित हो जाता हैं |

Updated: April 6, 2019 — 11:09 am

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