होली पर निबंध कक्षा ८ के लिए – पढ़े यहाँ Holi Essay In Hindi For Class 8

प्रस्तावना:

होली को रंगों का त्यौहार माना गया हैं | सभी भारतीय त्योहारों में से होली यह सबसे प्रमुख त्यौहार हैं | यह त्यौहार रंगबिरंगा त्यौहार हैं | इस त्यौहार को सभी लोग बहुत ख़ुशी से मनाते हैं | यह त्यौहार हिन्दू धर्म के लोग बड़े धूमधाम से मनाते हैं | इस सभी लोग रंगों से खेलते हैं | यह त्यौहार प्यार, एकता, ख़ुशी, सुख और जीत के रूप में मनाया जाता हैं |

होली का त्यौहार कब मनाया जाता हैं –

यह त्यौहार हर साल बसंत ऋतू के समय फाल्गुन माह की पूर्णिमा को मनाया जाता हैं | इस त्यौहार का धार्मिक और सामाजिक महत्व हैं | इस त्यौहार को मनाने की पौराणिक कथा हैं |

होली का त्यौहार क्यों मनाया जाता हैं –

हिरण्यकश्यप नाम का एक दुष्ट राजा था और होलिका उसकी बहन थी | प्रहलाद यह राजा कश्यप का पुत्र था | वो एक विष्णु भक्त था | उसके पिता यह चाहते थे की, प्रहलाद मेरी भक्ति और पूजा करे | उनका मानना था की, प्रहलाद मेरे को ही अपना भगवान समझे |

प्रहलाद हर दिन भगवान विष्णु की पूजा करता था | प्रहलाद ने अपने पिता की बात नहीं मानी और उससे नाराज होकर उसके पिता ने उसको आग से जलाकर मारने की योजना बनाई | उन्होंने अपनी बहन को कहाँ था की प्रहलाद को लेकर आग में बैठ जाये |

उसने अपनी भाई की बात मानकर आग में बैठ गयी परंतु प्रहलाद को कोई नुकसान नहीं पहुँचा | बल्कि इस आग में होलिका जलकर खाक हो गयी |

होली रंगों का त्यौहार

होली के पहले दिन होलिका दहन किया जाता हैं और उसके दुसरे दिन होली खेलते हैं | होली का यह त्यौहार सभी लोग एक – दुसरे को रंग और अबीर लगाकर खेलते हैं | इस त्यौहार में सभी लोग शामिल हो जाते हैं |

इस दिन सभी लोग अपने आपस की बातों को भुलाकर एक – दुसरे के गले लगते हैं और सभी एक – दुसरे को शुभकामना देते हैं | होली यह अन्य जगह पर अलग – अलग तरीके से मनाते हैं | इस दिन सभी लोगों में भाईचारा और प्रेम की भावना दिखाई देती हैं |

बुराई पर अच्छाई की जीत

इस दिन बुराई पर अच्छाई जीत हुई थी इसलिए यह त्यौहार अच्छाई के जीत के रूप में मनाया जाता हैं | होली के इस त्यौहार पर सभी लोगों के चेहरे पर ख़ुशी नजर आती हैं | यह त्यौहार पुरे गीत – संगीत के साथ मनाया जाता हैं |

निष्कर्ष:

होली का यह त्यौहार रंगों का और ख़ुशी का महत्वपूर्ण त्यौहार हैं | होली का त्यौहार सभी लोगों को यह संदेश देता हैं की, मनुष्य को तिरस्कार, द्वेष यह सब भूलकर प्रेम और प्यार से रहना चाहिए | यह त्यौहार राष्ट्रीय त्यौहार के रूप में मनाया जाता हैं |

Updated: April 15, 2019 — 7:45 am

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