मुर्गी पर निबंध – पढ़े यहाँ Hen Essay In Hindi

भूमिका :

मुर्गी पक्षी के जाति से संबंध रखती है | मुर्गी दूसरे पक्षियों से बड़ी होती है | मुर्गी को अंग्रेजी भाषा में Hen कहा जाता है और मुर्गा को Cock कहा जाता है | मुर्गी लोग अधिकतर घरों में या फार्मों में पालतू बनाकर रखा जाता है | लोग मुर्गी को अंडे और मांस के लिए पालते हैं |

मुर्गी को अधिक लोग गाँव में पालते हैं | कई लोग फार्म में मुर्गी पालकर व्यापार भी करते हैं | इसे कुक्कुटपालन या पोल्ट्री फार्मिंग कहा जाता है | मुर्गी के अंडे में अधिक मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है | मुर्गी दूसरे पक्षी से बड़ी होती है |

मुर्गियों का रंग लाल, भूरा, सफ़ेद और काला होता है | इसके दो टांग होते हैं | मुर्गियों के सिर पर लाल कलगी होती है | मुर्गा मुर्गी से बड़ा होता है और मुर्गे का रंग मुर्गी से अधिक चमकदार होती है | प्राचीन काल से ही मुर्गे और मुर्गी का संबंध मनुष्य के साथ रहा है |

मुर्गी रोज एक अंडे देती है इसका अंडा स्वास्थ्य के लिए लाभदायक माना गया है | क्योंकि अंडे में अधिक मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है | मुर्गी अंडा देने के लिए ख़ास जगह चुनती है, और रोज उसी जगह अंडा देती है | मुर्गी दो पैर से चलता है और दौड़ता भी है |

मुर्गी भारत में प्राचीन काल से ही मुर्गियां पाली जाती हैं | पहले जमाने के लोग मुर्गों की कुश्ती को देखकर बहुत खुश होते थे | पहले मुर्गों की कुश्ती काफी प्रसिद्द थी आज भी कई जगहों पर मुर्गों की कुश्तियां होती है |

मुर्गा प्रतिदिन सुबह-सुबह बांग देकर सभी को जगा देता है | मुर्गों की औसतन आयु ५ से ८ साल की होती है | मुर्गी अपने अंडे पर बैठकर शरीर की गर्मी देती है | जिसे उसके बच्चे बाहर आते हैं मुर्गी के बच्चे को चूजा कहा जाता है |

ब्रायलर प्रजाति के बच्चे अंडे से निकलने के बाद ४० ग्राम के होते हैं | इन्हें दाना खिलाया जाता है यह ६ हफ्ते में ही लगभग १ किलो तक हो जाते हैं | देशी मुर्गी पालन व्यवसाय एक ऐसा व्यवसाय है जो अतिरिक्त आय का साधन बनाता है |

यह देश में २५ से ३० लाख लोगों को रोजगार उपलब्ध करवाता है | मुर्गी पालन को हम कम पूंजी थोड़ी जमीन एवं थोड़ी मेहनत से और आसानी से ही पाल सकते हैं | मुर्गी पालन का चलन भारत में तेजी से बढ़ता जा रहा है | चीन और अमेरिका के बाद भारत भी अंडा उत्पादन में तीसरे स्थ पर है |

मुर्गी का भोजन अनाज, हरी सब्जी, धनिया और कीड़े मकौड़े भी खाते हैं | मुर्गी पक्षियों की प्रजाति से बड़ी होती है | यह हवा में आधी समय रक नहीं उड़ सकती है | मुर्गी हल्की सी आवाज से ही डर जाती है | मुर्गी पालन व्यावसायिक दृष्टि से अधिक महत्व रखता है |

यदि आपके पास मुर्गी पर निबंध  से संबंधित कोई अन्य प्रश्न हैं, तो आप नीचे टिप्पणी करके अपनी क्वेरी पूछ सकते हैं।

Updated: March 6, 2020 — 11:47 am

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