हिरण पर निबंध – पढ़े यहाँ Essay On Deer In Hindi Language

प्रस्तावना:

हमारे देश में अन्य प्रकार के पशु – पक्षी पाए जाते हैं | उन सभी प्राणियों में से हिरण एक हैं | हिरण यह प्राणी पुरे संसार के महादीपों में पाया जाता हैं | यह एक स्तनधारी प्राणी हैं |

यह ज्यादातर तो घास के मैदानों में पाया जाता हैं | हिरण यह पृथ्वी पर बहुत ही सुंदर प्राणी हैं | हिरण यह आमतौर इंसानों और हिंसक जानवरों से डरता हैं | हिरण को उसकी सुंदर आँखों के कारण जाना जाता हैं |

हिरण की शरीर रचना

हिरण हलके भूरे रंग का होता हैं और उनके शरीर पर सफ़ेद रंग की गोल धारिया होती हैं | हिरण की आँखे बहुत तीक्ष्ण होती हैं | वो अपनी आँखों से ३०० डिग्री तक देख सकता हैं | हर एक साल के बाद हिरण के नए सिंग उगते हैं |

हिरण की दो आँखे, दो कान और चार टांगे होती हैं | हिरण की टांगे बहुत लम्बी होती हैं और उन्हें भागने में सहायता करती हैं | हिरण की उम्र कम से कम १८ से २० वर्ष तक की होती हैं |

हिरण का भोजन

हिरण का मुख्य भोजन घास और छोटे – छोटे पौधे होते हैं | हिरण पूर्ण रूप से शाकाहारी प्राणी हैं | सर्दी के मौसम में इनका भोजन थोडासा अलग होता हैं |

इस मौसम में ज्यादातर तो चल और शाखाओं को खाते हैं | हिरण गर्मी के मौसम में हरा घास, पत्तियां और फूलों को खाना पसंद करते हैं |

हिरण की शिकार

प्राचीन समय में राजा – महाराजा हिरण का शिकार करते थे | उस समय शिकार के रूप में हिरण को मारने की प्राचीन परंपरा थी | हिरण के सींघों का उपयोग कई प्रकार की दवाइयां और सजावट का सामान बनाने के लिए किया जाता हैं |

इसलिए उसकी शिकार की जाती थी | आज भी कई लोग हिरण की शिकार करते हैं | उसकी वजह से उनकी प्रजाति नष्ट होती जा रही हैं | हिरण यह अन्य जानवरों का बहुत बड़ा दुश्मन हैं |

हिरण की प्रजाति

हमारे भारत देश में हिरण की सबसे व्यापक प्रजाति हैं | हिरण केवल ऑस्ट्रेलिया और अंटार्कटिका में नहीं पाया जाता हैं |

हिरण की दुनियाभर में कई प्रजातियां पाई जाती हैं | लेकिन इनके रंग और आकार में समानता पाई जाती हैं | हिरण की लगबग ३४ प्रजाति पाई जाती हैं |

निष्कर्ष:

यह बहुत ही सुंदर प्राणी हैं | हिरण यह हमेशा झुण्ड में रहना पसंद करता हैं | आज कल पेड़ों की कटाई होने के कारण जंगल नष्ट होता जा रहा हैं और उन्हें रहने के लिए जगह नहीं मिल रही हैं |

उसकी वजह से उनकी प्रजाति नष्ट होती जा रही हैं | इसलिए मनुष्य को जंगलों को नष्ट नहीं करना चाहिए बल्कि उनकी रक्षा करनी चाहिए |

Updated: May 25, 2019 — 11:47 am

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