पर्यावरण संरक्षण पर निबंध कक्षा ५ के लिए – पढ़े यहाँ Environmental Protection Essay In Hindi For Class 5

प्रस्तावना:

मनुष्य और पर्यावरण इन दोनों का संबंध सबसे पुराना है | मनुष्य को पर्यावरण से बहुत सारी चीजे प्राप्त होती हैं | उन सभी संसाधनों का उपयोग मनुष्य अपने सुख सुविधाओं के लिए करता हैं |

लेकिन मनुष्य अपनी सुख सुविधाओं के लिए पर्यावरण को नुकसान पहुँचा रहा हैं | मनुष्य को पर्यावरण से शुद्ध हवा, जल मिलता हैं | लेकिन अपने स्वार्थ के लिए मनुष्य पेड़ों की कटाई करता हैं |

पर्यावरण शब्द की निर्मिती

पर्यावरण यह शब्द दो शब्दों से मिलकर बना हैं – परि + आवरण | परी का अर्थ होता हैं – जो हमारे चरों तरफ हैं और आवरण का अर्थ होता हैं – जो हमें चरों तरफ से घेरा हुआ हैं |

पर्यावरण मतलब सभी प्राकृतिक जैसे भूमि, जल, वायु, पशु पक्षी, पौधे, जंगल, कचरा, नदी, पर्वत, पहाड़ और अन्य वस्तुओं का समाविष्ट होना |

अन्य प्रकार का प्रदुषण

जल प्रदूषण, वायु प्रदूषण और ध्वनि प्रदूषण, भूमि प्रदूषण इत्यादि, अन्य प्रकार के प्रदुषण का परिणाम पर्यावरण पर होता हैं | मनुष्य सडा हुआ कचरा जल के स्त्रोतों में फेकता हैं | जैसे की नदी, तालाब, समुद्र इत्यादि |

जल के स्त्रोत में कारखानों में से निकलने वाला ख़राब पानी, कचरा यह सब चीजे नदी नालों और समुद्र में छोड़ी जाती हैं | इन सभी के मिश्रित होने के कारण जल प्रदुषण होता हैं | मानव निर्मित घटकों के कारण प्रदुषण होता हैं | और इसका परिणाम पर्यावरण पर होता हैं |

पर्यावरण संरक्षण का महत्व 

पर्यावरण सबसे बड़ा घटक परिणाम करता हैं – वो हैं प्रदुषण | इस प्रदुषण के कारण पूरी धरती प्रदूषित हो जाती हैं | हम सभी को पर्यावरण का संरक्षण करना चाहिए |

जब मनुष्य पर्यावरण की रक्षा करेगा तो उसका जीवन भी सुरक्षित रहेगा | उसको अन्य प्रकार की बिमारियों का सामना नही करना पड़ेगा | इसलिए जीवन में पर्यावरण का संरक्षण करना बहुत जरुरी हैं |

पर्यावरण संरक्षण करने के उपाय

प्रदुषण के कारण मनुष्य को दुष्प्रभाव के रूप में जल, वायु इत्यादि, दूषित होना और उसके साथ-साथ वनस्पतियों का नष्ट होना, मनुष्य को अन्य बिमारियों का सामना इत्यादि. दुष्परिणाम दिखाई दे रहे हैं | इसलिए पर्यावरण को बचाने के लिए हम सभी को जल प्रदुषण को रोकना होगा |

कई लोग दूषित ख़राब पानी नदी, नाले और समुद्र में छोड़ते हैं | उसके कारण पानी प्रदूषित हो जाता हैं | और अन्य प्रकार की रोग फैलती हैं | इसी प्रकार के प्रदुषण को रोकना होगा | तभी पर्यावरण का संरक्षण हो सकता हैं |

पर्यावरण दिवस

इन प्रदुषण के कारण सभी लोगों के स्वास्थ्य बिगड़ रहा हैं | सुनामी, बाढ़, अतिवृष्टि जैसे दुष्परिणाम सामने आ रहे हैं | इसलिए सभी लोगों में जारुकता फ़ैलाने के लिए ५ जून को पुरे विश्व में पर्यावरण दिवस के रूप में मनाया जाता हैं |

निष्कर्ष:

हम सभी को इस पर्यावरण को प्रदुषण से रोकने के लिए प्रयास करना होगा | और सभी लोगों को ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने चाहिए | मनुष्य को वनों की कटाई नही करनी चाहिए | जंगलों का नाश और पेड़ों की कटाई कम होगी तभी पर्यावरण सुरक्षित रहेगा |

Updated: March 30, 2019 — 12:43 pm

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *